Friday, July 1, 2022
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हल्दी वाला दूध पीने के फायदे और नुकसान | Haldi Wala Doodh Peene ke Fayde aur Nuksan

अक्सर बड़े-बूढ़े Haldi Wala Doodh पीने की सलाह देते हैं। वे कहते हैं कि हल्‍दी दूध (Haldi Wala Doodh) पीने से सर्दी-जुकाम (Sardi Jukam) दूर होता है, साथ ही पुराने से पुराना दर्द (Pain) भी दूर हो जाता है। हल्दी वाला दूध पीने के फायदे और नुकसान (Haldi Wala Doodh Peene ke Fayde aur Nuksan) भी हैं। जख्‍म (Wound) भरना हो या पीरियड्स पेन (Periods Pain), ये दूध (Milk) हर मर्ज की दवा (Medicine) है।
Haldi Wala Doodh Peene ke Fayde
Haldi Wala Doodh Peene ke Fayde

1. खून साफ करने में सहायक | Blood Purifier in Hindi

आयुर्वेद (Ayurveda) में हल्दी-दूध (Turmeric-Milk) को प्राकृतिक (Natural) रूप से खून साफ करने वाला यानी ब्लड प्यूरीफायर (Blood Purifier) माना जाता है। ये शरीर (Body) में ब्लड सर्कुलेशन (Blood Circulation) को बढ़ाता है।

2. दर्द निवारण में सहायक | Aids in Pain Relief in Hindi

हल्दी वाले दूध (Haldi Wala Doodh) में एंटी-इनफ्लेमेटरी तत्व (Anti-Inflammatory Elements) होते हैं। इसकी वजह से ये अर्थराइटिस (Arthritis), पेट के अल्सर (Stomach Ulcers) से बचाव करता है। आयुर्वेद (Ayurveda) में हल्दी-दूध (Haldi Doodh) को दर्द निवारक (Painkiller) बताया गया है। ये सिरदर्द (Headache), सूजन (Swelling) और शरीर दर्द (Body Pain) को ठीक करता है।

3. हड्डियां बनाए मजबूत | Make Bones Strong in Hindi

हल्दी-दूध (Haldi Doodh) बच्चों (Children) के लिए बहुत अच्छा होता है। ये कैल्शियम (Calcium) का अच्छा स्रोत है, जो हड्डियों (Bones) को स्वस्थ (Healthy) व मजबूत (Strong) करता है। हड्डियों (Bones) में होने वाले नुकसान की ये भरपाई करता है और ऑस्टियोपोरोसिस (Osteoporosis) जैसी बीमारियों से भी बचाव करता है।

4. सांस संबंधी समस्याओं लिए फायदेमंद | Beneficial For Respiratory Problems in Hindi

हल्दी दूध (Haldi Doodh) एक एंटी-माइक्रोबायल (Anti-Microbial) है, जो बैक्टीरियल इंफेक्शन (Bacterial Infection) और वायरल इंफेक्शन (Viral Infection) के साथ लड़ता है। ये दूध (Doodh) सांस संबंधी समस्याओं (Respiratory Problems) से निपटने में मदद करता है, क्योंकि इसे पीने से शरीर (Body) का तापमान (Temperature) बढ़ता है जिसकी वजह से लंग कंजेशन (Lame Congestion) और साइनस (Sinus) में आराम पहुंचता है। ये अस्थमा (Asthma) और ब्रोंकाइटिस (Bronchitis) जैसी समस्याओं को दूर करने में सहायता करता है।

5. अर्थराइटिस में फायदेमंद | Beneficial in Arthritis in Hindi

हल्दी-दूध (Haldi Doodh) अर्थराइटिस (Arthritis) का उपचार करने के लिए भी पिया जा सकता है। ये रूमेटाइड अर्थराइटिस (Rheumatoid Arthritis) के कारण हुई सूजन (Swelling) को कम करता है।

6. खांसी, सर्दी, जुकाम से रखे दूर | Keep Away from Cough, Cold

इसमें एंटी-वायरल (Anti viral) और एंटीबैक्टीरियल गुण (Antibacterial Properties) होते हैं। ये खांसी (Cough), सर्दी (Cold), जुकाम (Jukam) और गले दर्द (Throat Pain) से राहत दिलाता है।

7. पीरियड्स दर्द को कम करे | Periods Reduce Pain in Hindi

पीरियड्स में क्रैंप (Period Cramps) और दर्द (Period Pain) आम बात है, इसमें दर्द (Pain) की दवा (Medicine) लेने से बेहतर है कि आप एक ग्लास हल्दी वाला दूध (Haldi Wala Doodh) पी लें। इसके एंटीस्पैसमॉडिक गुण (Antispasmodic Properties) क्रैंप (Period Cramps) और दर्द (Period Pain) में राहत पहुंचाते हैं। स्तनपान (Feeding The Beast) करवाने वाली महिलाओं के लिए भी ये दूध (Milk) फायदेमंद है।

इसे भी पढ़े:- दूध पीने के फायदे और नुकसान

हल्दी वाला दूध पीने के नुकसान | Haldi Wala Doodh Peene ke Nuksan

एक ओर जहां हल्दी (Haldi) स्वास्थ्य (Health) के लिए बहुत फायदेमंद (Faydemand) है वहीं इसके कुछ साइड-इफेक्ट (Side Effect) भी हैं। हालांकि हल्दी (Turmeric) तभी नुकसान करती है जब वो बहुत अधिक मात्रा में ली जाए,

Haldi Wala Doodh Peene ke Nuksan
Haldi Wala Doodh Peene ke Nuksan

1. गॉल ब्लेडर/पित्ताशय में समस्या | Gall Bladder Problems in Hindi

अगर आपको पित्ताशय (Gall Bladder) से जुड़ी कोई समस्या है तो हल्दी वाला दूध (Haldi Wala Doodh) आपकी इस समस्या को और बढ़ा देगा अगर आपकी पित्त की थैली में स्टोन (Gallstones Stones) है तो आपको हल्दी वाला दूध (Haldi Wala Doodh) नहीं पीना चाहिए।

2. ब्लीडिंग प्रॉब्लम | Bleeding Problem in Hindi

अगर आपको ब्लीडिंग प्रॉब्लम (Bleeding Problem) है तो हल्दी वाला दूध (Haldi Wala Doodh) आपको नुकसान पहुंचा सकता है। ये ब्लड क्लॉटिंग (Blood Clotting) की प्रक्रिया को कम कर देता है जिससे ब्लीडिंग की प्रॉब्लम (Bleeding Problem) और अधिक बढ़ सकती है।

3. मधुमेह की स्थिति में | Diabetes Problum in Hindi

हल्दी (Haldi) में एक रासायनिक पदार्थ (Chemical Substance) करक्यूमिन (Curcumin) पाया जाता है। जो ब्लड शुगर (Blood Sugar) को प्रभवित करता है। ऐसे में अगर आपको मधुमेह (Diabetes) है तो हल्दी वाला दूध (Haldi Wala Doodh) पीने से परहेज करना ही बेहतर होगा।

4. नपुंसकता का कारण | Cause of Impotence in Hindi

हल्दी (Haldi), टेस्टोस्टेरॉन के स्तर (Testosterone Levels) को कम कर देती हैं। इससे स्पर्म की सक्रियता (Sperm Activation) में कमी आ जाती है। अगर आप अपनी फैमिली प्लान (Family Plan) कर रहे हैं तो कोशिश कीजिए कि हल्दी (Haldi) का सेवन संयमित रूप से करें।

5. आयरन का अवशोषण | Absorption of Iron

हल्दी (Haldi) का बहुत अधिक सेवन करने से आयरन (Iron) का अवशोषण (Absorption) बढ़ जाता है। जिन लोगों में पहले से ही आयरन की कमी (Iron Deficiency) है उन्हें बहुत सोच-समझकर हल्दी (Haldi) का सेवन करना चाहिए।

6. सर्जरी के दौरान | During Surgery

जैसा कि हम पहले ही बता चुके हैं कि हल्दी (Haldi) खून का थक्का (Blood Clot) जमने नहीं देता है। जिसकी वजह से खून का स्त्राव (Bleeding) बढ़ जाता है। अगर आपकी सर्जरी (Surgery) हुई है या फिर होने वाली है तो हल्दी (Haldi) के सेवन से बचें।

इसे भी पढ़े:- हल्दी के चमत्कारी फायदे और नुकसान

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